RSS

एक खुशखबरी :- हिंदी ब्लॉग्गिंग को मिला ‘परमाणु’

28 मई

जी हाँ, दोस्तों यह १००% सच है ……………….हमारे और आपके बीच एक नए ब्लॉगर आ गए है ………… श्री शलभ शर्मा ‘परमाणु’ | मेरे काफी पुराने मित्र है और आज कल नॉएडा में रहते है | शुरू से ही मैं इन के विचारो से काफी प्रभावित रहा हूँ ख़ास कर राजनीती से जुड़े हुए मुद्दों पर आप अपनी राय बेहद विश्लेषण कर देते है | बहुत दिनों से मैं इन को एक ब्लॉग शुरू करने का आग्रह कर रहा था पर अपनी नौकरी के कारण यह हर बार मना कर देते थे | पर आज मान गए इस शर्त पर कि अभी फिलहाल तुम्हारे ही ब्लॉग पर लिखुगा|”, मैंने भी तुरंत हामी भरी ………..एक बार ब्लॉग्गिंग शुरू तो करने दीजिये ………………….चस्का तो अपने आप लग ही जायेगा !!
वैसे आज के माहौल में ब्लॉग्गिंग शुरू करना अपने आप में काफी हिम्मत का काम है ……. है कि नहीं ??
————————————————————————————————-

तो साहब आप से मिलवाता हूँ श्री शलभ शर्मा ‘परमाणु’ को उनके ही खुद के शब्दों में |

मित्रो नमस्कार,
मेरा
नाम शलभ शर्मा है मेरा जन्म अगस्त १९७८ को मैनपुरी में हुआ मेरे पिता का नाम देवेन्द्र शर्मा है
मेरी स्नातक तक की शिक्षा मैनपुरी में हुई मेंने 2003 में MCA किया और विप्रो ज्वाइन की|
अभी
में नॉएडा में PBBI में काम कर रहा हूँ| मैं हमेशा से एक पत्रकार बनना चाहता था। लेकिन कुछ पारिवारिक परिस्तिथितियोँ और आज के कुछ भ्रष्ट एवम धन लोलुप पत्रकारों के आचार विचारों के कारण ये हो सका ! आज कंप्यूटर के युग में अपने मन की पीड़ा/विचार / भावना व्यक्त करने का एक शशक्त माध्यम, ब्लॉग, ज्वाइन करने का विचार मेरे मित्र शिवम् मिश्र ने दिया

पत्रकारिता के इस नवीन रूप को मेरा कोई आचरण /व्यवहार /लेखन कलुषित करे ऐसी मेरी ईश्वर से प्रार्थना है

आशा है आप सब का सहयोग मुझे भी मिलेगा !
धन्यवाद |

आपका अपना

शलभ शर्मा उर्फ़परमाणु’
परमाणु -> “लघु परन्तु संहारक “
—————————————————————————————————————————————-

आइये स्वागत करे परमाणु’ का |

Advertisements
 
15 टिप्पणियाँ

Posted by on मई 28, 2010 in बिना श्रेणी

 

15 responses to “एक खुशखबरी :- हिंदी ब्लॉग्गिंग को मिला ‘परमाणु’

  1. Suman

    मई 28, 2010 at 6:48 अपराह्न

    nice

     
  2. पी.सी.गोदियाल

    मई 28, 2010 at 7:08 अपराह्न

    शलभ शर्मा जी का तहेदिल से स्वागत करता हूँ इस ब्लॉग विरादरी में !

     
  3. M VERMA

    मई 28, 2010 at 7:25 अपराह्न

    सुस्वागतम शलभ शर्मा जी
    आशा है रचनात्मकता को परमाणविक आयाम देंगे

     
  4. Ratan Singh Shekhawat

    मई 28, 2010 at 7:45 अपराह्न

    सुस्वागतम शलभ शर्मा जी

     
  5. सुनील दत्त

    मई 28, 2010 at 8:20 अपराह्न

    शलभ शर्मा जी का हार्दिक स्वागत करता हूँ इस ब्लॉग विरादरी में
    और ये आशा भी कि वो अपनी पहली टिप्णी आज और अभी हमारे बलाग पर करें।

     
  6. Anonymous

    मई 28, 2010 at 8:40 अपराह्न

    ये परमाणु तो फुस्सी बम जैसा लग रहा है

     
  7. चला बिहारी ब्लॉगर बनने

    मई 28, 2010 at 8:57 अपराह्न

    सलभ जी, सुस्वागतम इस ब्लॉग इस्पेस में…
    लेकिन हम केमिस्ट्री में एम.एस सी. हैं इसलिए बोल रहे हैं, परमाणु का परिभाषा आप गलत दिए हैं… डाल्टन के परमाणुवाद के सिद्धांत के अनुसार परमाणु मूल कण है जिससे सभी पदार्थ बना है. इसलिए परमाणु लघु जरूर है, संहारक नहीं. हाँ, परमाणु बम संहारक होता है.
    हमरा बात का बुरा लगे त छमा कर दीजिएगा…आपसे उमर में बहुत बड़ा हैं हम. हम.आगे स्वागत है!! आसा है सिवम जी के सहजोग से अऊर अच्छा पढने को मिलेगा.

     
  8. महेन्द्र मिश्र

    मई 28, 2010 at 9:08 अपराह्न

    शलभ शर्मा जी का ब्लागजगत में स्वागत है ….

     
  9. शिवम् मिश्रा

    मई 28, 2010 at 9:42 अपराह्न

    भैया बेनामी तुम्हारा दम भी हम को पता चल गया कि कितना है ………….अगर सही में कुछ दम रखते हो तो नाम के साथ टिपण्णी दिया करो | अम्मा बाप ने नाम तो दिया ही होगा कुछ ना कुछ कि ऐसे ही आ गए बिना टिकट|

     
  10. दीपक 'मशाल'

    मई 28, 2010 at 9:51 अपराह्न

    वाह जी.. स्वागत है शलभ जी का, परमाणु जी से मिलकर अच्छा लगा.. हमें तो लगा कि कॉमिक्स वाले परमाणु 🙂 .. चलिए फिर जल्दी से इनके विचार बमों का विस्फोट कराइए ब्लॉग पर… आभार शिवम् जी

     
  11. राज भाटिय़ा

    मई 28, 2010 at 11:36 अपराह्न

    सुस्वागतम शलभ शर्मा जी आप का,

     
  12. Apanatva

    मई 29, 2010 at 7:09 पूर्वाह्न

    chaliye aap to hamare parivar ke hee nikle kaise ye baad me …..
    aapke vichar janne ko utsuk……

     
  13. Akhtar Khan Akela

    मई 29, 2010 at 9:10 पूर्वाह्न

    sulbh ji aaadaab men aapke vichaaron lekhn ke kaarn aapkaa aajivn fen ho gyaa hun . akhtar khan akela kota rjasthan

     
  14. Udan Tashtari

    मई 30, 2010 at 8:53 अपराह्न

    स्वागत है परमाणु जी का.

     
  15. हिमान्शु मोहन

    जून 2, 2010 at 2:13 अपराह्न

    स्वागत है, लघु परन्तु संहारक का।

     

एक उत्तर दें

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / बदले )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / बदले )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / बदले )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / बदले )

Connecting to %s

 
%d bloggers like this: